पधारो मेरे अंगना गौरी के ललना , गौरी के ललना शिवशंकर के ललना पधारो मेरे अंगना गौरी के ललना.....
भांति भांति के फूल मगाऊं, सजाऊं गली अंगना गौरी के ललना पधारो मेरे अंगना गौरी के ललना.....
द्वारे पे बंदनबार लगाऊं , पुराऊं चौक अंगना गौरी के ललना पधारो मेरे अंगना गौरी के ललना.....
धूप दीप से घर महकाऊं, करूं मैं तेरी वंदना गौरी के ललना पधारो मेरे अंगना गौरी के ललना....
लड्डू मोदक खीर बनाऊं , सजाऊं थाल अंगना गौरी के ललना पधारो मेरे अंगना गौरी के ललना....
ढोल मंजीरा झांझर बजाऊं, नचाऊं तुम्हें अंगना गौरी के ललना पधारो मेरे अंगना गौरी के ललना...
आश हमारी कबहूं न टूटे , दया का हाथ रखना गौरी के ललना पधारो मेरे अंगना गौरी के ललना.....